पांच महीने से पीएम के गले लगने का राहुल कर रहे थे इंतजार!

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने हाल ही में संसद में सरकार के खिलाफ लाए गए अविश्वास प्रस्ताव पर चर्चा के दौरान अपने भाषण में मोदी सरकार पर जमकर निशाना साधा था। इतना ही नहीं अपने भाषण में पीएम मोदी और केन्द्र सरकार की आलोचना करने के बाद कांग्रेस अध्यक्ष ने पीएम मोदी की सीट पर जाकर उन्हें गले भी लगाया था, जिससे एकबारगी संसद में बैठे सभी लोग चौंक गए थे। अब खबर आयी है कि राहुल गांधी ने अचानक ही पीएम मोदी को गले लगाने का फैसला नहीं किया था, बल्कि इसके लिए राहुल गांधी पिछले काफी दिनों से इंतजार कर रहे थे!

कांग्रेस सूत्रों के अनुसार, राहुल गांधी पीएम मोदी को पिछले 4-5 महीनों से गले लगाने की ताक में थे। दरअसल राहुल गांधी ने पीएम मोदी के संसद में दिए भाषणों में अपने और अपने परिवार के प्रति गुस्सा और घृणा को महसूस किया था। जिसके चलते राहुल गांधी, पीएम मोदी को गले लगाना चाहते थे। लेकिन पिछले काफी समय से उन्हें मौका नहीं मिल रहा था। यही वजह थी कि जब राहुल गांधी ने अविश्वास प्रस्ताव के दौरान अपना भाषण खत्म किया तो उन्होंने अपनी यह इच्छा पूरी की।
बता दें कि बीते सप्ताह केन्द्र सरकार संसद में अविश्वास प्रस्ताव जीतने में सफल जरुर रही, लेकिन इस दौरान मीडिया में सबसे ज्यादा चर्चा राहुल गांधी के भाषण और उनके द्वारा पीएम मोदी को गले लगाने की ही हुई। राहुल गांधी ने अपने भाषण के दौरान केन्द्र की मोदी सरकार को राफेल डील, बेरोजगारी और मॉब लिंचिंग जैसे मुद्दों पर घेरा। केन्द्र सरकार को घेरने के बाद राहुल गांधी ने कहा कि “आप मुझे गाली दे सकते हैं, आप मुझे पप्पू कह सकते हैं, लेकिन मैं आपके खिलाफ कोई घृणात्मक बात नहीं करूंगा। मैं आपकी नफरत दूर कर दूंगा और उसे प्यार में बदल दूंगा क्योंकि मैं कांग्रेस हूं।” इसके बाद राहुल गांधी ने पीएम मोदी को गले लगा लिया था। हालांकि अपने भाषण के बाद पीएम मोदी को लगाने पर राहुल गांधी को आलोचना भी झेलनी पड़ी। लोकसभा अध्यक्ष सुमित्रा महाजन ने राहुल गांधी को संसद का डेकोरम मेंटेन करने की हिदायत दी थी। घटना के अगले दिन पीएम मोदी ने भी उत्तर प्रदेश में एक रैली के दौरान राहुल गांधी द्वारा उनको गले लगाए जाने पर तंज भी कसा था।

Popular posts from this blog

जम्मू-कश्मीर के पुलवामा में धमाका, CRPF के 42 जवान मारे गए

CBI बनाम ममता बनर्जी: सुप्रीम कोर्ट ने कहा राजीव कुमार को सीबीआई गिरफ्तार नहीं कर सकती!

हाई वोल्टेज ड्रामे के बाद येदियुरप्पा बने 'कर्नाटक के किंग'